रांची
झारखंड में विधानसभा चुनावों से पहले बीजेपी चुनावी मोड में आ चुकी है। पार्टी ने चुनाव को लेकर रणनीति तैयार कर ली है। 23 अगस्त को मोरहाबादी मैदान में होनेवाली युवा आक्रोश रैली से बीजेपी के चुनावी समर का शंखनाद होगा। रैली को लीड करने की जिम्मेवारी भारतीय जनता युवा मोर्चा यानि भाजयुमो के कंधे पर है। पर रैली को प्रदेश बीजेपी के शीर्ष नेताओं तथा मोर्चा का बैक सपोर्ट रहेगा। रैली को लेकर हजारीबाग से बीजेपी सांसद पहले ही कह चुके हैं कि हजारीबाग से 20 हजार से अधिक युवा रांची में होनेवाली रैली में हिस्सा लेंगे। बता दें कि आज भारतीय जनता युवा मोर्चा के तत्वावधान में आगामी 23 अगस्त को मोरहाबादी मैदान में आहूत युवा आक्रोश रैली को लेकर भाजपा प्रदेश कार्यालय से बुधवार को प्रचार वाहन रवाना हुआ। नेता प्रतिपक्ष अमर कुमार बाउरी ने झंडा दिखाकर वाहन को रवाना किया।

बड़कुंवर गगराई ने की है युवाओं से अपील
युवा आक्रोश रैली को लेकर बीजेपी के प्रदेश उपाध्यक्ष बड़कुंवर गागराई ने पश्चिमी सिंहभूम के हर क्षेत्र में युवाओं से जनसंपर्क और अपील कर रैली में हिस्सा लेने को कहा है। गगराई ने कहा कि युवाओं को राज्य सरकार की वादाखिलाफी के खिलाफ आंदोलन में हिस्सा लेना चाहिए जिससे राज्य सरकार की कमियों को जनता के समक्ष लाया जा सके। गागराई ने आरोप लगाया की चुनाव से पूर्व उन्होंने जिस प्रकार मुंगेरीलाल के हसीन सपने झारखंडी युवाओं को दिखाए थे उसका क्या हुआ। उन्होंने कहा कि बीते 4 वर्षों से हेमंत सरकार झारखंड की भोली-भाली जनता को ठगकर केवल तुष्टिकरण की राजनीति कर रहे हैं। झारखंडी युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया गया है।
सत्ता हासिल करना बीजेपी का लक्ष्य
बीजेपी राज्य में 2024 में होनेवाले विधानसभा चुनावों के बाद सत्ता में काबिज होना चाहती है। पार्टी अपना यह लक्ष्य जाहिर कर चुकी है। बीते दिनों हरमू स्थित स्वागतम बैंक्वेट हॉल में आयोजित पार्टी के 515 मंडल अध्यक्षों की बैठक में पार्टी के प्रदेश संगठन प्रभारी डॉ लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने कहा कि जनता तैयार बैठी है। हमें केवल दरवाजे-दरवाजे दस्तक देने की जरूरत है। अपनी नाकामियों और विफलताओं के भार से यह सरकार दब चुकी है।उन्होंने कहा कि हमें 2024 में नेता प्रतिपक्ष नहीं बल्कि नेता सदन चुनना है।

हर जिले में चल रही तैयारी
भाजयुमो की युवा आक्रोश रैली को सफल बनाने की व्यापक तैयारी है। रैली के लिए हर जिले से युवाओं को शामिल कराने में बीजेपी जुटी। बीजेपी किसान मोर्चा भी रैली में किसानों को अधिक से अधिक संख्या में जुटाने में लगा हुआ है। इस रैली के बहाने जहां बीजेपी अपनी ताकत दिखायेगी, वहीं कार्यकर्ताओं में भी नयी ऊर्जा भरेगी। बूथ जीतो और चुनाव जीतो का मूलमंत्र इस बार भी बीजेपी की चुनावी रणनीति का हिस्सा होगा। शुक्रवार को होनेवाली भाजयुमो की इस रैली से पता चल जायेगा कि चुनावों के लिए बीजेपी की तैयारियां कितनी व्यापक है और किस जिले के किस नेता की रैली में भीड़ जुटाने की क्षमता कितनी है।
